Type Here to Get Search Results !

16 जुलाई से शुरू होगा 6 से 14 वर्ष की आयु के 'आउट ऑफ स्कूल' बच्चों का डोर टू डोर सर्वे

Sir Ji Ki Pathshala

लखनऊ | उत्तर प्रदेश के बेसिक शिक्षा विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए एक विशेष अभियान की रूपरेखा तैयार कर ली है। राज्य में उन बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए 16 जुलाई से 14 अगस्त तक 'आउट ऑफ स्कूल' बच्चों का घर-घर सर्वे किया जाएगा, जिन्होंने कभी स्कूल में दाखिला नहीं लिया है या जिनकी पढ़ाई किन्हीं कारणों से बीच में ही छूट गई है।

आउट ऑफ स्कूल सर्वे अभियान 2026

​इस अभियान के लिए आवश्यक विवरण इस प्रकार हैं:

  • अभियान की अवधि: 16 जुलाई से 14 अगस्त 2026 तक।
  • लक्ष्य समूह: 6 से 14 वर्ष की आयु के बच्चे।

​सरकार का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रदेश का कोई भी बच्चा शिक्षा के अधिकार से वंचित न रहे। इस अभियान के तहत शिक्षकों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की टीमें घर-घर दस्तक देंगी और ऐसे बच्चों का भौतिक सत्यापन कर सूची तैयार करेंगी।

​सर्वे के बाद चिन्हित बच्चों को उनकी उम्र के अनुरूप कक्षाओं में प्राथमिकता के साथ नामांकित कराया जाएगा। जो बच्चे लंबे समय से स्कूल से दूर रहने के कारण पढ़ाई में पिछड़ गए हैं, उन्हें 'विशेष शैक्षिक सहयोग' और ब्रिज कोर्स के माध्यम से मुख्यधारा के स्तर तक लाने का प्रयास किया जाएगा। नामांकन के पश्चात विभाग इन बच्चों की निरंतर मॉनिटरिंग भी सुनिश्चित करेगा ताकि उनकी पढ़ाई अनवरत जारी रहे।

​इस अभियान की सफलता सामुदायिक सहयोग पर निर्भर करती है। प्रशासन ने सभी अभिभावकों से अपील की है कि जब सर्वे टीम उनके घर पहुंचे, तो वे अपने बच्चों की उम्र और शिक्षा संबंधी सही जानकारी साझा करें। यह प्रयास केवल एक सरकारी प्रक्रिया नहीं है, बल्कि हर बच्चे के उज्जवल भविष्य की नींव रखने का एक महत्वपूर्ण कदम है।