उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित होने वाली यूपी शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET-2026) में शामिल होने के इच्छुक परिषदीय शिक्षकों के लिए एक अहम खबर है। देवरिया जिले के जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) ने शिक्षकों को परीक्षा में बैठने की अनुमति तो दे दी है, लेकिन इसके साथ ही कुछ सख्त शर्तें भी लागू की हैं। 27 जून 2026 को इस संबंध में आधिकारिक कार्यालय आदेश जारी कर दिया गया है।
NOC के लिए लगातार आ रहे थे आवेदन
देवरिया जिले के परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत कई शिक्षक और शिक्षिकाएं आगामी यूपी टीईटी-2026 (प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक स्तर) में भाग लेना चाहते हैं। इसके लिए वे विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) प्राप्त करने हेतु बीएसए कार्यालय में लगातार प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर रहे थे। शिक्षकों के इन आवेदनों को दृष्टिगत रखते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, डॉ. राम जियावन मौर्य ने सभी संबंधित शिक्षकों को परीक्षा में सम्मिलित होने की अनुमति प्रदान कर दी है।
अनुमति के साथ लगाई गईं ये तीन सख्त शर्तें
बीएसए द्वारा जारी आदेश (पत्रांक 3896-3901) के अनुसार, शिक्षकों को दी गई यह अनुमति पूरी तरह से प्रतिबंधों के अधीन रहेगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि:
पहला निर्देश: कोई भी संबंधित शिक्षक या शिक्षिका विद्यालय अवधि के दौरान (यानी स्कूल के समय में) इस परीक्षा की तैयारी या पढ़ाई नहीं करेंगे।
दूसरा निर्देश: यूपी टीईटी 2026 की परीक्षा में शामिल होने के लिए शिक्षकों को विभाग की ओर से अलग से कोई 'विशेष अवकाश' (Special Leave) प्रदान नहीं किया जाएगा।
तीसरा निर्देश: शिक्षकों को यह व्यक्तिगत रूप से सुनिश्चित करना होगा कि उनके परीक्षा में भाग लेने के कारण विद्यालय के दैनिक कार्यों या पठन-पाठन की व्यवस्था में किसी भी प्रकार का व्यवधान उत्पन्न न होने पाए।
तत्काल प्रभाव से लागू हुआ आदेश
इस कार्यालय आदेश को तत्काल प्रभाव से लागू करते हुए इसकी प्रतिलिपि सचिव (उ.प्र. बेसिक शिक्षा परिषद, प्रयागराज), उपसचिव (उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग) और मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशक (बेसिक) गोरखपुर सहित जिले के सभी खंड शिक्षा अधिकारियों (BEO) को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषित कर दी गई है। इस आदेश के बाद अब शिक्षकों को अलग से NOC के लिए भागदौड़ नहीं करनी पड़ेगी।


