नई दिल्ली: केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के बीच 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर उत्सुकता लगातार बढ़ती जा रही है। इसी बीच विभिन्न कर्मचारी संगठनों द्वारा सरकार के सामने एक बेहद महत्वपूर्ण और नया प्रस्ताव रखा गया है, जो इस समय चर्चा का मुख्य विषय बना हुआ है। इस नए प्रस्ताव में सभी कर्मचारियों के लिए एक समान फिटमेंट फैक्टर लागू करने के बजाय, अलग-अलग पे-लेवल (Pay Levels) के लिए अलग-अलग फिटमेंट फैक्टर (Variable Fitment Factor) तय करने की मांग की गई है।
यदि केंद्र सरकार इस नए फॉर्मूले को स्वीकार कर लेती है, तो इसका सबसे बड़ा सीधा फायदा निचले और मध्यम वेतनमान (Lower and Middle Pay Matrix) वाले केंद्रीय कर्मचारियों को मिलेगा। इससे वेतन विसंगतियां दूर होंगी और समाज के हर वर्ग के कर्मी को संतुलित लाभ मिल सकेगा।
क्या है कर्मचारी संगठनों का नया फॉर्मूला?
आमतौर पर पिछले वेतन आयोगों में सभी स्तर के कर्मचारियों के लिए एक ही समान फिटमेंट फैक्टर तय किया जाता था (जैसे 7वें वेतन आयोग में 2.57 लागू किया गया था)। लेकिन इस बार कर्मचारी संगठनों का तर्क है कि महंगाई की मार सबसे ज्यादा निचले स्तर के कर्मचारियों पर पड़ती है। इसलिए, लेवल 1 से लेकर लेवल 5 तक के कर्मचारियों के लिए फिटमेंट फैक्टर को 3.25 से लेकर 4.00 तक रखने का सुझाव दिया गया है, जबकि उच्च अधिकारियों या उच्च पे-लेवल के लिए इसे क्रमशः कम (2.00 तक) रखने का प्रस्ताव है।
प्रस्तावित फिटमेंट फैक्टर और संभावित नई सैलरी कैलकुलेशन तालिका
नीचे दी गई तालिका के माध्यम से आप समझ सकते हैं कि यदि कर्मचारी संगठनों के इस नए प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है, तो अलग-अलग पे-लेवल के आधार पर कर्मचारियों का संभावित नया मूल वेतन (Basic Salary) कितना हो सकता है:
8वां वेतन आयोग: प्रस्तावित फिटमेंट फैक्टर तालिका
| पे-लेवल | मूल वेतन | फिटमेंट फैक्टर | नया वेतन |
|---|---|---|---|
| लेवल 1 | ₹18,000 | 4.00 | ₹72,000 |
| लेवल 2 | ₹19,900 | 3.833 | ₹76,251 |
| लेवल 3 | ₹21,700 | 3.75 | ₹81,375 |
| लेवल 4 | ₹25,500 | 3.50 | ₹89,250 |
| लेवल 5 | ₹29,200 | 3.25 | ₹94,900 |
| लेवल 6 | ₹35,400 | 3.10 | ₹1,09,740 |
| लेवल 7 | ₹44,900 | 3.00 | ₹1,34,700 |
| लेवल 8 | ₹47,600 | 2.90 | ₹1,38,040 |
| लेवल 9 | ₹53,100 | 2.80 | ₹1,48,680 |
| लेवल 10 | ₹56,100 | 2.70 | ₹1,51,470 |
| लेवल 11 | ₹67,700 | 2.60 | ₹1,76,020 |
| लेवल 12 | ₹78,800 | 2.50 | ₹1,97,000 |
| लेवल 13 | ₹1,23,100 | 2.40 | ₹2,95,440 |
| लेवल 13A | ₹1,31,100 | 2.30 | ₹3,01,530 |
| लेवल 14 | ₹1,44,200 | 2.20 | ₹3,17,240 |
| लेवल 15 | ₹1,82,200 | 2.10 | ₹3,82,620 |
| लेवल 16 | ₹2,05,400 | 2.00 | ₹4,10,800 |
| लेवल 17 | ₹2,25,000 | 2.00 | ₹4,50,000 |
| लेवल 18 | ₹2,50,000 | 2.00 | ₹5,00,000 |
किन विभागों के कर्मचारियों और शिक्षकों को मिलेगा लाभ?
यदि 8वें वेतन आयोग के तहत इस मॉडल को हरी झंडी मिलती है, तो इसका व्यापक असर देश के लाखों कर्मचारियों पर पड़ेगा। इसके दायरे में आने वाले प्रमुख क्षेत्र निम्नलिखित हैं:
- केंद्रीय कर्मचारी और रेलवे: रेलवे और अन्य केंद्रीय मंत्रालयों के लाखों नॉन-गजटेड और गजटेड स्टाफ।
- रक्षा कर्मी: थलसेना, नौसेना और वायुसेना के जवान व अधिकारी।
- शिक्षण संस्थान: केंद्रीय विद्यालय (KVS), नवोदय विद्यालय (NVS) और केंद्रीय विश्वविद्यालयों के शिक्षक व गैर-शिक्षण कर्मचारी।
- भत्ते और पेंशन: मूल वेतन बढ़ने के कारण सीधे तौर पर महंगाई भत्ता (DA), मकान किराया भत्ता (HRA), ट्रैवल अलाउंस (TA) और पेंशनर्स की मासिक पेंशन में भी स्वतः ही एक बड़ी वृद्धि दर्ज की जाएगी।
क्या सरकार की तरफ से कोई आधिकारिक मुहर लगी है?
कर्मचारियों के लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि यह अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं है। यह पूरी तालिका और आंकड़े विभिन्न कर्मचारी यूनियनों और संगठनों द्वारा तैयार किए गए ड्राफ्ट और प्रस्तावों पर आधारित हैं। केंद्र सरकार या वित्त मंत्रालय की ओर से 8वें वेतन आयोग के गठन, इसके निश्चित फिटमेंट फैक्टर या संशोधित पे-मैट्रिक्स को लेकर कोई भी आधिकारिक अधिसूचना (Official Notification) जारी नहीं की गई है। कर्मचारियों को अंतिम निर्णय के लिए आयोग की अंतिम रिपोर्ट और कैबिनेट की मंजूरी का इंतजार करना होगा।
Disclaimer (अस्वीकरण): यह लेख सोशल मीडिया पर वायरल रिपोर्टों और विभिन्न कर्मचारी संगठनों द्वारा दिए गए सुझावों के अध्ययन पर आधारित है। इसे किसी भी प्रकार से सरकार द्वारा स्वीकृत अंतिम या आधिकारिक वेतन तालिका न माना जाए। नई और प्रामाणिक जानकारी के लिए कृपया आधिकारिक सरकारी स्रोतों पर ही भरोसा करें।


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