आगरा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) आगरा ने शिक्षकों के वेतन भुगतान को लेकर महत्वपूर्ण निर्देश जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि खंड शिक्षा अधिकारियों (बीईओ) को किसी भी शिक्षक का वेतन रोकने का अधिकार नहीं है। यदि किसी शिक्षक के विरुद्ध कोई शिकायत प्राप्त होती है तो उसकी सूचना लिखित रूप में बीएसए कार्यालय को भेजी जाएगी, जिसके बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
बीएसए डॉ. राकेश सिंह द्वारा जारी निर्देश में कहा गया है कि कुछ मामलों में यह जानकारी सामने आई थी कि ऑफलाइन निरीक्षण या मौखिक निर्देशों के आधार पर शिक्षकों का वेतन रोकने का प्रयास किया जा रहा है। इस पर स्पष्ट किया गया है कि ऐसा करना विभागीय नियमों के अनुरूप नहीं है और बिना सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के वेतन नहीं रोका जा सकता।
निर्देश के अनुसार, यदि किसी शिक्षक के कार्य या उपस्थिति को लेकर शिकायत मिलती है तो संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी उसका विवरण लिखित रूप में बीएसए कार्यालय को उपलब्ध कराएंगे। मामले की जांच के बाद ही आवश्यक निर्णय लिया जाएगा। साथ ही यह भी कहा गया है कि किसी भी शिक्षक को बीईओ स्तर से सीधे नोटिस जारी नहीं किया जाएगा, बल्कि समस्त कार्रवाई निर्धारित प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत की जाएगी।
बीएसए ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया है कि विद्यालयों के निरीक्षण एवं उससे संबंधित रिपोर्ट विभागीय व्यवस्था के अनुसार प्रस्तुत की जाए। यदि कोई अधिकारी नियमों की अनदेखी करते हुए वेतन रोकने या अनुचित कार्रवाई करने का प्रयास करता है, तो उसके विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जा सकती है।
यह निर्देश शिक्षकों के वेतन भुगतान संबंधी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और नियमसम्मत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि शिक्षकों के वेतन पर अंतिम निर्णय सक्षम प्राधिकारी द्वारा निर्धारित नियमों और जांच प्रक्रिया के आधार पर ही लिया जाएगा, इसलिए सभी अधिकारी निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करें।


