शाहजहांपुर: टीसी (T.C.) सत्यापन में लापरवाही पर बीईओ सख्त, जारी किए गए नए निर्देश; अब बिना रिकॉर्ड नहीं होगा सत्यापन
भावलखेड़ा (शाहजहांपुर)।
विद्यालयों से ट्रांसफर सर्टिफिकेट (T.C.) जारी करने और उसके सत्यापन (Verification) को लेकर बरती जा रही लापरवाही पर भावलखेड़ा के खण्ड शिक्षा अधिकारी (BEO) ने सख्त रुख अपनाया है। 5 मई 2026 को जारी एक आधिकारिक पत्र के माध्यम से सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को कड़ी चेतावनी देते हुए टीसी जारी करने के कड़े नियम तय किए गए हैं।
बिना रिकॉर्ड अभिभावकों को टीसी सौंपना अनुचित
बीईओ कार्यालय द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि संज्ञान में आया है कि विद्यालय टीसी निर्गत करने के बाद, सत्यापन कराने के लिए बिना किसी विद्यालयी अभिलेख (रिकॉर्ड) के सीधे अभिभावकों को सौंप देते हैं। शिक्षा विभाग ने इस प्रक्रिया को सर्वथा अनुचित माना है। विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि भविष्य में कोई भी टीसी बिना विद्यालयी रिकॉर्ड और बिना प्रधानाध्यापक के सत्यापन के प्रमाणित नहीं की जाएगी।
टीसी सत्यापन के लिए अब इन 4 नियमों का करना होगा पालन:
खंड शिक्षा अधिकारी ने आदेश दिया है कि टीसी सत्यापन के लिए प्रस्तुत करते समय निम्नलिखित कार्यवाही पूर्ण होनी चाहिए-
- प्रवेश पंजिका का प्रमाणीकरण: विद्यालय की प्रवेश पंजिका (Admission Register) के पहले पृष्ठ पर कुल पेजों की संख्या दर्ज होनी चाहिए और इसे प्रधानाध्यापक द्वारा प्रमाणित किया जाना अनिवार्य है।
- पेज नंबरिंग अनिवार्य: पंजिका के प्रत्येक पृष्ठ पर क्रम संख्या (Serial Number) अनिवार्य रूप से अंकित होनी चाहिए।
- रजिस्टर में दर्ज होगी जानकारी: जिस भी छात्र या छात्रा की टीसी जारी की जाए, प्रवेश पंजिका में उसके नाम के आगे टीसी जारी करने की तारीख और हस्ताक्षर अनिवार्य रूप से दर्ज किए जाएं।
- दूसरी टीसी (Duplicate) के लिए लेनी होगी अनुमति: सबसे महत्वपूर्ण बदलाव द्वितीय प्रति को लेकर किया गया है। अब किसी भी टीसी की दूसरी कॉपी जारी करने से पहले संबंधित व्यक्ति से एक शपथपत्र और प्रार्थना पत्र लेना अनिवार्य होगा। इसके उपरांत खण्ड शिक्षा अधिकारी (अधोहस्ताक्षरी) की अनुमति मिलने के बाद ही द्वितीय प्रति निर्गत की जा सकेगी।
यह आदेश विकास क्षेत्र भावलखेड़ा, शाहजहांपुर के सभी परिषदीय, मान्यता प्राप्त, सहायता प्राप्त विद्यालयों और मदरसों के प्रधानाध्यापकों के लिए जारी किया गया है। इसकी एक प्रति जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) को भी सूचनार्थ प्रेषित की गई है।


