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निर्वाचन कार्य में बाधा डालना शिक्षक को पड़ा भारी, शिक्षक को BSA ने थमाया 'कारण बताओ' नोटिस

Sir Ji Ki Pathshala

जौनपुर। जिले में निर्वाचन जैसे महत्वपूर्ण संवैधानिक कार्यों में लापरवाही और बाधा उत्पन्न करने वाले कर्मियों पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाना शुरू कर दिया है। ताजा मामला विकास खंड रामनगर के प्राथमिक विद्यालय टेकारीडीह का है, जहाँ के एक शिक्षक पर निर्वाचन कार्य में लगे सहायक को हतोत्साहित करने और ड्यूटी में बाधा डालने का गंभीर आरोप लगा है।

​जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) डॉ. गोरखनाथ पटेल ने संबंधित शिक्षक को नोटिस जारी कर दो दिनों के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है।

​क्या है पूरा मामला?

​शासकीय पत्र के अनुसार, खण्ड शिक्षा अधिकारी जलालपुर और सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी जफरबाद ने शिकायत की थी कि प्राथमिक विद्यालय टेकारीडीह के शिक्षक श्री कीर्ति राज यादव द्वारा निर्वाचन प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न की जा रही है।

​आरोप है कि श्री यादव ने बी.एल.ओ. सहायक श्री सुरेश चन्द्र मौर्य को यह कहकर कार्य करने से रोकने की कोशिश की कि "आपको निर्वाचन कार्य का वेतन नहीं मिलता है, इसलिए आप केवल शिक्षण कार्य करें।" इस प्रकार शिक्षक पर निर्वाचन कार्य में लगे कार्मिक को हतोत्साहित करने और अपने पदीय दायित्वों का निर्वहन न करने का आरोप लगा है, जिससे संबंधित मतदेय स्थल पर विशेष पुनरीक्षण का कार्य प्रभावित हुआ।

​विधिक कार्रवाई की चेतावनी

​BSA जौनपुर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए शिक्षक को निर्देशित किया है कि वह दो कार्यदिवस के भीतर अपना स्पष्टीकरण कार्यालय में प्रस्तुत करें। पत्र में स्पष्ट चेतावनी दी गई है। संतोषजनक उत्तर न मिलने पर इसे निर्वाचन जैसे महत्वपूर्ण कार्य में असहयोग माना जाएगा। तथा लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम-1950 की धारा-32 के अंतर्गत पदीय कर्तव्यों के उल्लंघन के लिए शिक्षक के विरुद्ध कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी।

BSA Jaunpur official notice image against teacher for election duty negligence

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