Search Suggest

यूपी में प्राथमिक स्कूलों का समय बदलने की उठी मांग, सुबह 7:30 से 12:30 बजे तक करने की अपील

UP School Timing Change News: यूपी में भीषण गर्मी और लू को देखते हुए बेसिक स्कूलों का समय सुबह 7:30 से 12:30 बजे तक करने की मांग उठी है। पूरी खबर पढ़े

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में सूरज की तपिश और रिकॉर्ड तोड़ गर्मी ने आम जनजीवन के साथ-साथ स्कूली बच्चों की मुश्किलें भी बढ़ा दी हैं। प्रदेश के कई जिलों में पारा 45 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच चुका है। दोपहर के समय चल रही चिलचिलाती धूप और जानलेवा लू (हिटवेव) को देखते हुए अब बेसिक (प्राथमिक) विद्यालयों के समय में बदलाव की मांग ने जोर पकड़ लिया है। शिक्षक संगठनों और अभिभावकों ने सरकार से बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्कूलों को सुबह की पाली में संचालित करने की पुरजोर वकालत की है।

​'माध्यमिक की तरह बेसिक स्कूलों को भी मिले राहत'

​यूपी बीटीसी शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष अनिल यादव ने इस गंभीर स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि वर्तमान में माध्यमिक विद्यालयों के लिए अलग व्यवस्था लागू है, लेकिन प्राथमिक विद्यालयों के छोटे बच्चों को इस भीषण गर्मी के बीच दोपहर तक स्कूल में रुकना पड़ रहा है।

​up-school-timing-change-news

​​​छोटे बच्चों की सुरक्षा और सेहत हमारी पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। जून के इस महीने में दोपहर की गर्म हवाएं बच्चों को बीमार कर सकती हैं। इसलिए, बेसिक शिक्षा विभाग को तुरंत कदम उठाते हुए स्कूलों का समय सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक निर्धारित कर देना चाहिए।
— अनिल यादव, प्रदेश अध्यक्ष (यूपी बीटीसी शिक्षक संघ)

​समय बदलने से होंगे ये फायदे

​शिक्षा जगत से जुड़े विशेषज्ञों और शिक्षक संगठनों का मानना है कि स्कूल के समय में यह बदलाव कई मायनों में व्यावहारिक और छात्रहितैषी साबित होगा:

  • लू और बीमारियों से बचाव: सुबह के अपेक्षाकृत ठंडे मौसम में बच्चे आसानी से स्कूल पहुंच सकेंगे और दोपहर की भीषण लू की चपेट में आने से बचेंगे।
  • उपस्थिति में सुधार: अत्यधिक गर्मी के कारण कई बच्चे स्कूल नहीं आ पा रहे हैं। समय बदलने से स्कूलों में छात्र संख्या (अटेंडेंस) बढ़ेगी।
  • पढ़ाई पर सकारात्मक असर: सुबह के समय बच्चे ज्यादा ऊर्जावान और एकाग्र रहते हैं, जिससे उनकी पढ़ाई का नुकसान नहीं होगा।

​अभिभावकों का भी मिला पूरा समर्थन

​इस मांग को लेकर न केवल शिक्षक बल्कि बच्चों के माता-पिता भी एक सुर में नजर आ रहे हैं। अभिभावकों का कहना है कि दोपहर के समय बच्चों को स्कूल से घर लाना किसी चुनौती से कम नहीं है। जब तक मौसम सामान्य नहीं हो जाता, तब तक सरकार को स्कूल के समय में कटौती या बदलाव कर बच्चों को बड़ी राहत देनी चाहिए।

​अब देखना यह है कि लगातार बढ़ते पारे और चौतरफा उठ रही इस मांग के बीच बेसिक शिक्षा विभाग कब तक इस पर आधिकारिक फैसला लेता है।