उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में शिक्षण व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए महानिदेशालय, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना कार्यालय, समग्र शिक्षा ने कक्षा 1 से 3 के शिक्षकों के लिए हिन्दी एवं गणित विषय की शिक्षक संदर्शिका (Teacher Guide) तथा शिक्षक डायरी के वितरण के संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत सभी जनपदों में निर्धारित संख्या के अनुसार संदर्शिकाओं एवं शिक्षक डायरी की आपूर्ति कर उन्हें समयबद्ध तरीके से विद्यालयों तक पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।
इस पहल का उद्देश्य निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों को गति देना, शिक्षकों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षण सामग्री उपलब्ध कराना तथा कक्षा शिक्षण को अधिक योजनाबद्ध और प्रभावी बनाना है। निर्देशों के अनुसार सभी सामग्री का सुरक्षित भंडारण, सत्यापन, अभिलेखीकरण तथा समय पर वितरण सुनिश्चित किया जाएगा। साथ ही वितरण की पूरी प्रक्रिया का रिकॉर्ड भी रखा जाएगा।
प्रमुख बिंदु
- कक्षा 1 से 3 के लिए हिन्दी एवं गणित विषय की शिक्षक संदर्शिका उपलब्ध कराई जाएगी।
- प्राथमिक, उच्च प्राथमिक, कम्पोजिट विद्यालयों एवं केजीबीवी के शिक्षकों को शिक्षक डायरी वितरित की जाएगी।
- शिक्षक संदर्शिका और डायरी का वितरण सभी जनपदों में निर्धारित संख्या के अनुसार होगा।
- सामग्री प्राप्त होने के एक सप्ताह के भीतर विद्यालयों तक वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
- भंडारण, सत्यापन, अभिलेखीकरण एवं वितरण की जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों को सौंपी गई है।
- वितरण के बाद निर्धारित प्रारूप में प्रमाण-पत्र राज्य परियोजना कार्यालय को भेजना अनिवार्य होगा।
- शिक्षक संदर्शिका का उद्देश्य निपुण भारत मिशन के तहत कक्षा शिक्षण को अधिक प्रभावी बनाना है।
- सभी जनपदों के लिए शिक्षक संदर्शिका एवं शिक्षक डायरी की संख्या पहले से निर्धारित कर दी गई है।
महानिदेशालय ने स्पष्ट किया है कि कक्षा 1 से 3 के हिन्दी एवं गणित विषय की शिक्षक संदर्शिकाएं सभी परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों (कम्पोजिट विद्यालय सहित) के लिए उपलब्ध कराई जाएंगी। वहीं शिक्षक डायरी प्राथमिक, उच्च प्राथमिक, कम्पोजिट विद्यालयों तथा केजीबीवी के शिक्षकों एवं शिक्षा मित्रों के उपयोग के लिए वितरित की जाएगी।
निर्देशों के अनुसार जिला स्तर से विकासखंड और फिर विद्यालय स्तर तक सामग्री का वितरण एक सप्ताह के भीतर पूरा किया जाएगा। वितरण के बाद जनपदों को प्रमाण-पत्र राज्य परियोजना कार्यालय को भेजना होगा, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि सभी विद्यालयों तक सामग्री पहुंच गई है।
प्रदेश स्तर पर जारी सूची में प्रत्येक जनपद के लिए शिक्षक संदर्शिका और शिक्षक डायरी की संख्या भी निर्धारित की गई है। इससे वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी और प्रत्येक विद्यालय को आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने में सुविधा होगी। दस्तावेज में प्राथमिक विद्यालयों के साथ-साथ उच्च प्राथमिक विद्यालयों और केजीबीवी के लिए भी शिक्षक डायरी की संख्या का विवरण दिया गया है।
नई शिक्षक संदर्शिका में गतिविधि आधारित शिक्षण, निपुण भारत के अधिगम परिणाम, कक्षा संचालन तथा दैनिक शिक्षण योजना से संबंधित उपयोगी मार्गदर्शन मिलेगा। वहीं शिक्षक डायरी शिक्षकों को प्रतिदिन की शैक्षणिक गतिविधियों, विद्यार्थियों की प्रगति, मूल्यांकन तथा विद्यालयी कार्यों का व्यवस्थित रिकॉर्ड रखने में सहायता करेगी। इससे शिक्षण की गुणवत्ता में सुधार के साथ-साथ शैक्षणिक अनुश्रवण भी अधिक प्रभावी होने की उम्मीद है।


