यूपी की शिक्षा व्यवस्था का अध्ययन करेगी हरियाणा विधानसभा की समिति, डिजिटल क्लासरूम और स्मार्ट एजुकेशन मॉडल पर रहेगा फोकस
लखनऊ: उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था अब दूसरे राज्यों के लिए भी अध्ययन का विषय बन रही है। इसी क्रम में हरियाणा विधानसभा की एक उच्चस्तरीय समिति सोमवार को लखनऊ पहुंचेगी। यह समिति प्रदेश में संचालित बेसिक, माध्यमिक, उच्च, तकनीकी, व्यवसायिक एवं चिकित्सा शिक्षा के साथ-साथ स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली का विस्तृत अध्ययन करेगी।
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा शिक्षा क्षेत्र में किए गए नवाचारों और डिजिटल पहल को समझने के उद्देश्य से समिति विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक करेगी। इसके बाद कई संस्थानों का दौरा कर जमीनी स्तर पर चल रहे कार्यों का भी अवलोकन करेगी।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ होगी बैठक
हरियाणा विधानसभा के अध्यक्ष के नेतृत्व में आने वाली इस समिति में विधानसभा के कई सदस्य और वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। लखनऊ में समिति बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, व्यवसायिक शिक्षा तथा चिकित्सा शिक्षा विभाग के शीर्ष अधिकारियों के साथ बैठक कर विभिन्न योजनाओं और उनकी प्रगति की जानकारी प्राप्त करेगी।
बैठक के दौरान शिक्षा के क्षेत्र में लागू नई तकनीकों, छात्रों के लिए उपलब्ध सुविधाओं और शिक्षण प्रणाली में किए गए सुधारों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।
डिजिटल क्लासरूम और स्मार्ट लर्निंग पर विशेष ध्यान
समिति विशेष रूप से उत्तर प्रदेश के डिजिटल एवं स्मार्ट क्लासरूम, डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म, आईसीटी (ICT) आधारित शिक्षण सुविधाओं, ऑनलाइन एजुकेशन कंटेंट और आधुनिक तकनीकों का अध्ययन करेगी। इसके अलावा यह भी देखा जाएगा कि इन व्यवस्थाओं का छात्रों की पढ़ाई और शिक्षण गुणवत्ता पर कितना प्रभाव पड़ा है।
मैदानी स्तर पर भी करेगी निरीक्षण
केवल अधिकारियों के साथ बैठक ही नहीं, बल्कि समिति विभिन्न शिक्षण संस्थानों और संबंधित परियोजनाओं का फील्ड विजिट भी करेगी। इस दौरान शिक्षा व्यवस्था के क्रियान्वयन, डिजिटल संसाधनों के उपयोग और सरकारी योजनाओं की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया जाएगा।
अन्य राज्यों के लिए बनेगा मॉडल
उत्तर प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे सुधारों और तकनीकी नवाचारों को देखते हुए हरियाणा विधानसभा की यह अध्ययन यात्रा महत्वपूर्ण मानी जा रही है। उम्मीद है कि इस अध्ययन के आधार पर हरियाणा भी अपनी शिक्षा व्यवस्था में नई तकनीकों और बेहतर व्यवस्थाओं को अपनाने की दिशा में कदम बढ़ाएगा।
उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था का अध्ययन करने आ रही हरियाणा विधानसभा की यह उच्चस्तरीय समिति दोनों राज्यों के बीच अनुभवों के आदान-प्रदान का महत्वपूर्ण अवसर होगी। इससे शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में नवाचारों को बढ़ावा मिलेगा तथा छात्रों और शिक्षकों को आधुनिक सुविधाओं का अधिक लाभ मिल सकेगा।


