उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग को आखिरकार नया अध्यक्ष मिल गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के पूर्व पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) प्रशांत कुमार को आयोग का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। उनकी यह नियुक्ति रिटायरमेंट के करीब आठ महीने बाद की गई है, जिसे सरकार का एक अहम प्रशासनिक फैसला माना जा रहा है।
यूपी शिक्षा सेवा चयन आयोग के माध्यम से प्रदेश में माध्यमिक और उच्च शिक्षा स्तर के शिक्षकों की भर्ती की जानी है। लंबे समय से आयोग के प्रभावी संचालन और भर्तियों में तेजी लाने की मांग की जा रही थी। ऐसे में अनुभवी प्रशासनिक अधिकारी को यह जिम्मेदारी सौंपना सरकार की मंशा को दर्शाता है।
प्रशांत कुमार इस वर्ष मई माह में डीजीपी पद से सेवानिवृत्त हुए थे। पुलिस विभाग में उनके लंबे और अनुशासित कार्यकाल को देखते हुए योगी सरकार ने उन्हें एक बार फिर महत्वपूर्ण भूमिका सौंपी है। सरकार को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में आयोग की कार्यप्रणाली अधिक पारदर्शी और प्रभावी होगी तथा शिक्षक भर्तियों की प्रक्रिया को गति मिलेगी।
नई नियुक्ति के बाद शिक्षा जगत और अभ्यर्थियों में यह उम्मीद जगी है कि वर्षों से लंबित भर्तियों को जल्द पूरा किया जाएगा और प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।


