मुरादाबाद में एक महिला बीएलओ के ब्रेन हेमरेज का मामला सामने आया है। 57 वर्षीय सहायक अध्यापिका आभा सोलोमन की हालत गंभीर बनी हुई है और उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया है। घटना उस समय हुई जब वह घर पर ही मोबाइल से SIR फॉर्म डिजिटलाइजेशन का काम कर रही थीं।
आभा सोलोमन सिविल लाइंस इलाके में पाकर इंटर कॉलेज के पास रहती हैं और पाकबड़ा के ईदगाह स्थित प्राथमिक विद्यालय में सहायक अध्यापिका के रूप में तैनात हैं। SIR अभियान के तहत वह बीएलओ की जिम्मेदारी भी निभा रही हैं।
परिवार चर्च गया, आभा काम करती रहीं
आभा के बेटे शहालोम ने बताया कि रविवार दोपहर परिवार के सदस्य चर्च चले गए थे, लेकिन आभा ने कहा कि उन्हें SIR फॉर्म अपलोड करने का काम पूरा करना है, इसलिए वे घर पर ही रहेंगी। उन्हें पहले से ब्लड प्रेशर की समस्या थी और नियमित दवा लेती थीं।
कमरे में बेसुध मिलीं, कई बार आवाज देने पर भी नहीं उठीं
करीब दोपहर 2 बजे जब उनकी बहन चर्च से लौटीं, तो उन्होंने देखा कि आभा बिस्तर पर लेटी हुई हैं। दवा देने के लिए उठाने की कोशिश की गई, मगर बार-बार आवाज देने पर भी उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। हिलाने पर पता चला कि वह पूरी तरह बेहोश थीं।
परिवार ने तुरंत उन्हें कांठ रोड स्थित विवेकानंद अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने ब्रेन हेमरेज की आशंका पर इलाज शुरू किया। रात में उनकी स्थिति बिगड़ने पर उन्हें वेंटिलेटर पर शिफ्ट करना पड़ा।
परिवार ने SIR दबाव से इनकार किया
शहालोम पानीपत से मुरादाबाद पहुंचे और बताया कि उनकी मां की हालत गंभीर है। उन्होंने स्पष्ट किया कि परिवार इस घटना को SIR कार्यभार से नहीं जोड़ रहा। उनके अनुसार, आभा पहले से बीमार रहती थीं और उनका नियमित इलाज चल रहा था। रविवार को भी उन्हें डॉक्टर को दिखाना था।
यह घटना उस समय सामने आई है जब जिले में हाल ही में एक BLO की सुसाइड की खबर ने भी व्यवस्था को झकझोर दिया था। आभा सोलोमन की स्थिति पर अस्पताल और परिवार लगातार नजर बनाए हुए हैं।


