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​UP पुलिस भर्ती: दरोगा भर्ती में धांधली की अफवाह फैलाने पर FIR दर्ज

लखनऊ में UP पुलिस दरोगा भर्ती 2025 के परिणाम पर भ्रामक वीडियो वायरल करने के आरोप में 'आशुतोष पांडेय' के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।

UP पुलिस भर्ती: धांधली का भ्रामक वीडियो वायरल करने पर FIR, 'आशुतोष पांडेय' नाम की फेसबुक आईडी रडार पर

UP Police Recruitment Board FIR on Fake News

लखनऊ: उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की साख को बट्टा लगाने और सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचनाएं फैलाने वालों के खिलाफ प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। ताज़ा मामला राजधानी लखनऊ के हुसैनगंज थाने का है, जहाँ उपनिरीक्षक (SI) सीधी भर्ती-2025 के परिणाम को लेकर अफवाह फैलाने के आरोप में एक फेसबुक यूजर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।

क्या है पूरा मामला?

​पुलिस के अनुसार, 'आशुतोष पांडेय' नामक एक फेसबुक प्रोफाइल से एक वीडियो साझा किया गया था। इस वीडियो में बिना किसी ठोस आधार के यह दावा किया गया कि दरोगा भर्ती परीक्षा के परिणामों में बड़े पैमाने पर धांधली हुई है। वीडियो में आरोप लगाया गया कि चयन प्रक्रिया में 'जुगाड़' चल रहा है और पैसे लेकर अपनों को नौकरियां बांटी जा रही हैं।

​चूंकि यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा था, जिससे अभ्यर्थियों के बीच असंतोष और भ्रम की स्थिति पैदा हो रही थी, भर्ती बोर्ड ने इसे गंभीरता से लेते हुए कानूनी कार्रवाई का फैसला किया।

पुलिस की कार्रवाई और जांच

​हुसैनगंज थानाप्रभारी शिव मंगल सिंह ने बताया कि भर्ती बोर्ड की तहरीर पर संबंधित फेसबुक आईडी धारक के खिलाफ सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब इस मामले में तकनीकी साक्ष्यों का सहारा ले रही है:

  • साइबर सेल की मदद: साइबर क्राइम सेल उक्त फेसबुक आईडी के आईपी (IP) एड्रेस को ट्रैक कर रही है ताकि आरोपी की सटीक लोकेशन का पता लगाया जा सके।
  • गिरफ्तारी के प्रयास: थानाप्रभारी ने आश्वासन दिया है कि भ्रामक सूचना के स्रोत का पता लगाकर आरोपी को जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।

भ्रामक खबरों से बचने की सलाह

​प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी है और किसी भी प्रकार की अफवाह फैलाना दंडनीय अपराध है। पुलिस ने अभ्यर्थियों और आम जनता से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर चल रहे असत्यापित वीडियो या संदेशों पर भरोसा न करें और केवल आधिकारिक स्रोतों से मिली जानकारी को ही सही मानें।